Sunday, September 29, 2019

इल्जाम

कभी ऐसा भी होता है
कहीं  वैसा भी होता है।
कभी किसी का गा दिया  गीत
कभी किसी का बजा दिया  संगीत
तो सेलेब्रिटी, फनकार "कलाकार और मशहूर हो गये।
और हमने मेहनत से लिखी अपनी मौलिक रचना  सुना दी
तो साला हम फालतू  और फिजूल हो गये।
वाह रे दुनियां  हम तुझे समझ ना सके।
कि हम क्या  से क्या हो गये। 

2 comments:

shayari said...

सचतो है

shayari said...

एक विचार